हिमाचल प्रदेश
राजकीय दवाओं की गुणवत्ता में बड़ी चिंता: हिमाचल प्रदेश में 49 दवाइयाँ गुणवत्ता-मापदंडों पर खरी नहीं उतरीं
सेंट्रल ड्रग्स स्टैंडर्ड कंट्रोल ऑर्गनाइजेशन (CDSCO) की रिपोर्ट में पाया गया कि हिमाचल प्रदेश में बनी 49 दवाइयाँ परीक्षण में ‘मानक गुणवत्ता’ पर खरी नहीं उतरीं।
रिपोर्ट के अनुसार, इनमें कफ सिरप सहित कुछ अनिवार्य दवाइयाँ शामिल हैं—तीन सिरप मानक मापदंड नहीं पूरा कर पाईं और एक को नकली घोषित किया गया। हिमाचल देश के दवा-उत्पादन क्षेत्रों में अग्रणी है, इसलिए यह खुलासा दूसरी ओर उद्योग के लिए बड़ी चेतावनी है। फार्मास्युटिकल कंपनियों को अब कठोर निरीक्षण व गुणवत्ता सुधार की दिशा में काम करना होगा। स्वास्थ्य विभाग ने कहा कि तुरंत कार्रवाई की जाएगी ताकि मरीजों को अशुद्ध या निम्न-गुणवत्ता वाली दवाओं से खतरा न हो।





