स्थानीय निकाय चुनाव से पहले राजनीतिक दलों में अंदरूनी दरारें गहरी, गठबंधनों में बढ़ा असंतोष
महाराष्ट्र में स्थानीय निकाय चुनावों से पहले सत्ता पक्ष और विपक्ष — दोनों ही गठबंधनों में नाराज़गी, मतभेद और विभाजन के संकेत तेज़ होते दिख रहे हैं।
17 नवंबर 2025, सोमवार — महाराष्ट्र में आगामी नगरपालिकाओं, नगर परिषदों और ग्राम पंचायतों के चुनावों की सरगर्मी बढ़ते ही राज्य के प्रमुख राजनीतिक गठबंधनों में अंदरूनी खींचतान खुलकर सामने आने लगी है। महा विकास आघाड़ी तथा सत्तारूढ़ गठबंधन — दोनों ही पाले में टिकट बंटवारे को लेकर नाराज़गी, सहयोगी दलों के बीच विश्वास की कमी, सीट समन्वय में उलझन और स्थानीय स्तर पर नेतृत्व को लेकर टकराव गहरा गया है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि इस बार चुनावी मुकाबले में आमने-सामने की लड़ाई से ज़्यादा महत्वपूर्ण भूमिका गठबंधन के भीतर की एकजुटता और ताकत निभाएगी। कई क्षेत्रों में कार्यकर्ताओं द्वारा उम्मीदवार चयन पर सवाल उठाए जा रहे हैं, जिससे जिला और तालुका स्तर पर असंतोष बढ़ा है। इसी बीच, कुछ स्थानों पर पार्टी कार्यकर्ताओं ने टिकट वितरण में पक्षपात के आरोप लगाते हुए आंतरिक विरोध भी दर्ज कराया है।
सोशल मीडिया पर भी विभिन्न दलों और उनके समर्थकों के बीच विरोधाभासी बयानबाज़ी दिखाई दे रही है, जिससे चुनावी माहौल और अधिक अस्थिर बन गया है। बदलते समीकरणों को देखते हुए दोनों ही प्रमुख गठबंधन अपनी प्रचार रणनीति, उम्मीदवार सूची और क्षेत्रीय नेतृत्व की भूमिका को फिर से तय करने में लगे हैं, ताकि चुनावों में नुकसान से बचा जा सके।





